आज के इस आर्टिकल में हमने आपको 110+ खतरनाक बेवफाई शायरी (Khatarnak Bewafai Shayri) बताई हैं। जब किसी व्यक्ति को प्यार में धोखा मिलता है या फिर जब किसी व्यक्ति का कोई ख़ास इन्सान उसको छोड़ जाता है तो वह व्यक्ति अंदर ही अंदर पूरी तरह से टूट चुका होता है। और वह बहुत ही बुरा महसूस करता है उसको कुछ भी अच्छा नहीं लगता है यहाँ तक कि कुछ लोग तो प्यार में धोखा मिलने के बाद डिप्रेशन में भी चले जाते हैं।
जिन व्यक्तियों को प्यार में धोखा मिला है या फिर उनका कोई ख़ास इन्सान उनको छोड़ गया जिस वजह से उनको कुछ भी अच्छा नहीं लगता है और वह हमेशा खामोश रहते हैं और डिप्रेशन में जाने का डर रहता है। ऐसे लोगों के लिए हमने आज के इस आर्टिकल में 110+ खतरनाक बेवफाई शायरी (Khatarnak Bewafai Shayri) बताई है। जिनको अगर आप पढ़ते हैं तो आपको काफी ज्यादा सुकून महसूस होता है आईए जानते हैं 110 से भी ज्यादा खतरनाक बेवफाई शायरी कौन सी है।
मोहब्बत का नशा था उतर गया,
जिसे दिल में रखा था वह भी दिल से उतर गया।
प्यार तो बेपनाह करता था मैं उस से,
लेकिन अब प्यार का भूत भी उतर गया।
कुछ ऐसी मुस्कान में खुद को कैद कर लिया, मुझे लगता नहीं होता है
ना चाहते हुए भी हमने इश्क कर लिया।
सुना था इश्क में बर्बाद हो जाते हैं,
सुनी बातों पर विश्वास नहीं था इसलिए हमने भी इसको कर लिया।
तुझे तेरी जीत मुबारक जश्न तो मेरी हार का होगा,
जीतेते तो काफी लोग हैं शायद ही हम सा कोई हारा होगा।
एक खूबसूरत नजर के धोखे में आ गए थे,
कुछ देर के लिए हम सदमे में आ गए थे।
तलाश तो उसे किसी और की ही थी,
हम तो फालतू में रास्ते में आ गए थे।
यह बात अलग है तुम्हें मेरे प्यार पर यकीन नहीं आता,
लेकिन कसम से यह दिल तुम्हारे सिवा किसी को नहीं चाहता।
हमने जिसे चाहा उसने चाहा किसी और को,
खुदा करे जैसे वह चाहे वह भी चाहे किसी और को।
तेरा मातम बनाऊंगा लेकिन तेरा गम नहीं मनाऊंगा,
तारीख याद रखूँगा लेकिन जन्मदिन नहीं मनाऊंगा।
और कयामत के बाद एक शख्स तू ही क्यों ना हो जहां में,
मैं मर जाऊंगा लेकिन तुझे हमदर्द नहीं बनाऊंगा।
हम दोनों ही धोखा खा गए,
मैंने तुम्हें और उसे अलग समझ और तुमने मुझे औरों जैसा।
मरते मरते फिर से जीने नहीं लग जाऊं,
सोच रहा हूं नशा करने लग जाऊं।
औकात में रहना था,
दिल में रख लिया।
अब हम वो नहीं रहे बेमिसाल हो गए हैं,
पहले होते थे हम जवाब जिनका अब सवाल हो गए हैं।
तुमने हमें अपना समझा नहीं कभी भी,
बेवफा तुझे याद करना छोड़ नहीं अभी भी।
उसके प्यार में हमने खुद को भुला दिया,
बिन मांगे ही उसे सब कुछ दिला दिया।
थमा दिया था उसे अपनी जिंदगी का दिया हमने,
पर उस बेवफा ने दीया ही बुझा दिया।
दुआ करना दम भी उस तरह निकले,
जिस तरह तेरे दिल से हम निकले थे।
हर पल यही सोचता रहा कि कहा कमी रह गयी थी मेरी मोहब्बत में,
उसने इतनी शिद्दत से मेरा दिल तोड़ा कि आज तक नही सम्भाल पाए।
हस्ते हुए जख्मों को भुलाने लगे हैं हम,
हर दर्द के निशान मिटने लगे हैं हम।
अब और कोई जुल्म सताएगा क्या भला,
जुल्मों सितम को सब को सताने लगे हैं हम।
हकीक़त जान लो जुदा होने से पहले,
मेरी सुन लो अपनी सुनाने से पहले।
यह सोच लेना भूलाने से पहले,
बहुत रोई है आंखें मुस्कुराने से पहले।
न जाने क्यों हमें आंसू बहाना नहीं आता,
न जाने क्यों हाल-ए-दिल बताना नहीं आता।
क्यों सब दोस्तों बिछड़ गए हमसे,
शायद हमें ही साथ निभाना नहीं आता।
कितना दर्द भरा था उनके मुझे छोड़ जाने के जाना,
भी कुछ नहीं और कहा भी कुछ नहीं।
कुछ इस तरह बर्बाद हुए उनकी मोहब्बत में,
लौटा भी कुछ नहीं और बचा भी कुछ नहीं।
आज तेरी याद हम सीने से लगा कर रोए,
तनहाई में तुम्हें हम पास बुलाकर रोए।
कई बार पुकारा इस दिल ने तुम्हें,
और हर बार तुम्हें ना पाकर हम रोए।
ना तस्वीर है तुम्हारी जो दीदार किया जाए,
ना तुम हो मेरे पास जो प्यार किया जाए।
यह कौन सा दर्द दिया है तुमने ए सनम,
ना कुछ कहा जाए ना तुम बिन रहा जाए।
90+ मिर्जा गालिब की दर्द भरी शायरी
उसने दर्द इतना दिया कि सहा ना गया,
उसकी आदत सी थी इसलिए रहा ना गया।
आज भी रोता हूं उसे दूर देखकर,
लेकिन दर्द देने वाले से यह कहा ना गया।
मेरा ख्याल जहन से मिटा भी ना सकोगे,
एक बार जो तुम मेरे गम से मिलोगे तो सारी उम्र मुस्कुरा ना सकोगे।
कभी जो कहते थे तुम्हें कभी ना रोने देंगे,
आंसू भरी आंख लेकर तुम्हें कभी न सोने देंगे।
आखिर वही हमारी आंख का आंसू बन गए,
जो कहते थे तुमको कभी खोने ना देंगे।
रोज उदास होते हैं हम और रात गुजर जाती है,
कहने को तो जी रहे हैं लेकिन हर पल एक लम्हा सांस निकलती जाती है।
दिल के टूटने से नहीं होती आवाज,
आंसू के बहाने का नहीं होता अंदाज।
गम का कभी भी हो सकता है आगाज,
और दर्द के होने का तो बस होता है एहसास।
तुम्हें चाहा भी था तुम्हें पाना भी था,
तेरे साथ खुशी का गीत गाना भी था।
लेकिन तुमने मुझे कुछ इस तरह धोखा दिया,
फिर टूटे हुए दिल को संभालना भी था।
प्यार सभी को जीना सिखा देता है,
वफा के नाम पर मरना सिखा देता है।
प्यार नहीं किया तो करके देख लो यारों,
जालिम हर दर्द सहना सिखा देता है।
जरा सी जिंदगी है अरमान बहुत है,
हमदर्द नहीं कोई इंसान बहुत है।
दिल के दर्द सुनाएं तो सुनाए किसको,
जो दिल के करीब है वह अनजान बहुत है।
प्यार था तुमसे चाहत भी थी,
तुमसे की हुई शरारत भी थी।
लेकिन शायद तुम ही मुझे समझ नहीं पाए,
मोहब्बत थी लेकिन जाहिर न किया शराफत थी।
कहकर तुम बता नहीं सकते,
प्यार को अपने जता नहीं सकते।
फिर क्या फायदा तुम्हारी दोस्ती का,
जब एक भी वादा तुम निभा नहीं सकते।
वो रात दर्द और सितम की रात होगी,
जिस रात रुखसत उनकी बारात होगी।
उठ जाता हूं मैं यह सोचकर नींद से अक्सर,
कि गैर की बाहों में मेरी सारी कायनात होगी।
दर्द बहुत हुआ दिल के टूट जाने से,
कुछ ना मिला उनके लिए आंसू बहाने से।
वह जानते थे वजह मेरे दर्द की,
फिर भी वास न आए मुझे आजमाने के।
एक नया दर्द मेरे दिल में जगा कर चला गया,
कल फिर वह मेरे शहर में आकर चला गया।
जिसे ढूंढते रहे हम लोगों की भीड़ में,
मुंह से वह अपने आप छुपा कर चले गए।
छुपा कर दर्द हो अपनी हंसी में मैं अंदर से खोखला हो रहा हूं,
क्या सुन सकता है तू मेरी आवाज मैं आज भी तेरे लिए रो रहा हूं।
दर्द कितना है बता नहीं सकते,
जख्म कितने हैं दिखा नहीं सकते।
आंखों से समझ सको तो समझ लो,
आंसू गिरे हैं कितने गिला नहीं सकते।
ना सुबह की किरण बनकर मुझे सताती है,
मुझे अपने गहरे दुख का एहसास दिलाती है।
कितनी भी कोशिश की तुम्हें भुलाने की,
तेरी याद फिर भी मुझे बहुत रुलाती है।
गुलशन की बहारों पर सरेआम लिखा है,
फिर उसने किताबों पर मेरा नाम लिखा है।
यह दर्द इसी तरह मेरी दुनिया में रहेगा,
कुछ सोच के उसने मेरा अंजाम लिखा है।
अनजाने में यूं ही हम दिल गवा बैठे,
हा इस प्यार में कैसे धोखा खा बैठे।
उनसे क्या गिला करें भूल तो हमारी ही थी,
जो बिना दिल वालों से ही दिल लगा बैठे।
मोहब्बत का इशारा याद रहता है,
हर प्यार को अपना प्यार याद रहता है।
दो पल जो गुजरे प्यार की बाहों में,
मौत तक वह नजारा याद रहता है।
इतनी फिक्र ना किया करो हमारी हम शर्म के मारे रुक जाएंगे,
जिंदगी में आगे ना बढ़ पाएंगे बस तेरी ही गली में रुक जाएंगे।
दिल के दर्द छुपाना बडा मुश्किल है,
टूट कर फिर मुस्कुराना बड़ा मुश्किल है।
किसी सपना के साथ दूर तक जाओ फिर देखो,
अकेले लौट कर आना कितना मुश्किल है।
वादा हमने किया है निभाने के लिए,
एक दिल दिया है एक दिल को पाने के लिए।
पहले तो उन्होंने दिल चुरा लिया फिर कहा,
मोहब्बत की थी सिर्फ तुम्हें तड़पाने के लिए।
तुम नफरत का धरना कयामत तक जारी रखो,
मैं प्यार का इस्तीफा जिंदगी भर नहीं दूंगा।
जब चाहा उसने अपना बनाया मुझे मन भरने पर उसने ठुकराया मुझे,
तरस आता था सिर्फ उसके झूठे प्यार पर सब नफरत करना उसने सिखाया मुझे।
कत्ल तो लाजिम है इस बेवफा शहर में,
जिसे देखो दिल में नफरत लिए फिरता है।
उसने मुझसे नफरत मरते दम तक करने की कसम खाई है,
और मैं भी उसे प्यार मरते दम तक करने की कसम खाई है।
लेकर के मेरा नाम वह मुझे कोसता होगा,
नफरत ही सही पर वह मुझे सोचता तो होगा।
प्यार करना सीखा है नफरतों की कोई जगह नहीं,
बस तू ही तू है इस दिल में दूसरा कोई और नहीं।
उसने नफरत से जो देखा है तो याद आया,
कितने रिश्ते उसकी खातिर यूं ही तोड़ आया।
कितने बदले हैं यह चेहरे के जिन्हें अपनाया है,
कितनी उजली थी वह आंखें जिन्हें छोड़ आया हूं।
ना मोहब्बत संभाली गई ना नफरतें पाली गई,
अफसोस है उसे जिंदगी का जो तेरे पीछे खाली गई।
कुछ दगाबाजी हम भी तेरे एतबार से करेंगे,
तुमसे नफरत भी जालिम जरा प्यार से करेंगे।
हमारी दुआ थी कि वह नफरत खत्म कर दे.
उनकी दुआ थी कि हम यह रिश्ता ही खत्म कर दे।
मुझसे नफरत करनी है तो इरादे मजबूत रखना,
जरा सी भी भूल हुई तो मोहब्बत हो जाएगी।
आंसू आ जाते हैं रोने से पहले,
ख्वाब टूट जाते हैं सोने से पहले।
लोग कहते हैं मोहब्बत गुनाह है,
काश कोई रोक लेते गुनाह होने से पहले।
ए दिल तू क्यों रोता है,
यह दुनिया है यहां ऐसा ही होता है।
सच जान को अलग होने से पहले,
सुन लो मेरी भी अपनी सुनाने से पहले।
सोच लेना मुझे भुलाने से पहले,
रोई है बहुत यह आंखें मुस्कुराने से पहले।
सांस लेने से तेरी याद आती है,
सांस नहीं लेता तो जान भी जाती है।
कह दूं कैसे कि इस सांस से जिंदा हूं मैं,
यह सांस भी तो तेरी याद के बाद ही आती है।
तेरे जाने के गम में रोकर रात गुजरती है,
आखिर क्यों तूने मुझे धोखा दिया।
तेरे बिना जिंदगी सब अधूरी सी लगती है,
किस लिए तूने मुझे अकेला छोड़ दिया।
उन्हें चाहना मेरी कमजोरी है उनसे कह नहीं पाना मेरी मजबूरी है,
वह क्यों नहीं समझते मेरी खामोशी क्या प्यार का इजहार करना जरूरी है।
इश्क ऐसा था कि उनको बता ना सके,
चोट थी दिल पर जो दिखा ना सके।
नहीं चाहते थे हम उनसे दूर रहना,
लेकिन दूरी इतनी थी कि हम मिटा ना सके।
अकेला छोड़कर मुझे तुम तन्हा कर गए,
अधूरा सा मेरा हर लम्हा कर गए।
प्यार क्यों किया मुझसे अगर निभाना ना था,
बस जिंदा है अब यह शरीर मेरे जज्बात मर गए।
यह तो सच है यह जिंदगानी उसी को रुलाती है,
जिसके आंसू पहुंचने वाला कोई होता है।
वह दर्द दे गए सितम भी दे गए,
जख्म के साथ वह मरहम भी दे गए।
वह लफ्जों से कर गए अपना मन हल्का,
हमें कभी न रोने की कसम दे गए।
कहां कोई मिला ऐसा जिस पर दिल लुटा देते,
हर एक ने धोखा दिया किस किसको भुला देते।
अपने दर्द को दिल ही में दवाए रखा,
करते बयान तो महफिलों को रुला देते।
न सीरत नजर आती है ना सूरत नजर आती है,
यहां हर इंसान को बस अपनी जरूरत नजर आती है।
हम जले तो सब चिराग संभाल बैठे,
जब महके तो सब गुलाब संभाल बैठे।
मेरे लफ़्ज़ों का दर्द किसी ने नहीं देखा,
शायरी पड़ी तो शायर समझ बैठे।
गुजरा वक्त हमें एहसास दिला देता है,
जिसे चाहते हैं हम वही दिल दुख देता है।
वक्त मरहम लगा देता है जिन ज़ख्मो पर,
कोई अपना उस दर्द को फिर से जगा देता है।
बरसों गुजर गए रोकर नहीं देखा,
आंखों में नींद थी सोकर नहीं देखा।
आखिर वह क्या जाने दर्द मोहब्बत का,
जिसने किसी को कभी खोकर नहीं देखा।
खुदा करे कोई इश्क का शिकार ना हो,
जुदा अपने प्यार से कोई प्यार ना हो।
मैं उसके बिना जिंदगी गुजार दूं,
बेशरते उसको किसी से प्यार ना हो।
अब शिकवा करें तो भी करें किस से क्योंकि यह दर्द भी मेरा,
और दर्द देने वाला भी मेरा।
किसी की याद दिल में आज भी है,
वह भूल गए मगर हमें प्यार आज भी है।
हम खुश रहने की कोशिश तो करते हैं मगर,
अकेले में आंसू बहते आज भी है।
याद आती है तो जरा खो जाते हैं,
आंसू आंखों में उतर आए तो रो जाते हैं।
नींद तो आती नहीं आंखों में,
लेकिन ख्वाब में आप आओगे सोच कर सो जाते हैं।
कहीं पर किसी रोज ऐसा भी होता,
यह जो हमारी हालत है वह तुम्हारी होती।
इस रात को तड़पकर गुजारा,
काश यह रात तुमने भी गुजारी होती।
हमने खाया इतना कुछ के पाना ना आया,
प्यार कर तो लिया हमने पर जताना ना आया।
आ गए थे तुम इस दिल में पहली नजर में ही,
बस हमें ही आपके दिल में समाना ना आया।
तू दिल के करीब होकर भी दूर है,
दिल तेरी ही वजह से इतनी मजबूर है।
तेरे बिना मेरा बहुत बुरा हाल है,
यह दिल सब पत्थर की तरह चूर-चूर है।
किसी की याद दिल में आज भी है,
वह भूल गए मगर हमें प्यार आज भी है।
हम खुश रहने की कोशिश तो करते हैं मगर,
अकेले में आंसू बहते आज भी हैं।
यादों में कभी आप खोए होंगे,
खुली आंखों से कभी आप भी रोए होंगे।
माना हमें आदत है गम छुपाने की,
पर हंसते हुए कभी आप भी रोए होंगे।
कभी अपनों को भूलना ना आया,
किसी के दिल को दुखाना ना आया।
दूसरों की याद में तड़पना तो सीख लिया,
अपनी यादों में किसी को तड़पाना ना आया।
हर एक एक पल उदासी छाई है,
खुशी में मेरी एक कमी छाई है।
इज्जत के लिए हमने प्यार की परवाह नहीं की,
अब इज्जत मिली भी तो प्यार में कमी आई है।
हो सकता है हमने आपका अनजाने में कभी दिल दुखा दिया,
लेकिन तूने हमें दुनिया के कहने पर भुला दिया।
हम तो इस दुनिया में वैसे भी अकेले ही थे,
तो क्या हुआ तूने हमें यह एहसास दिला दिया।
तेरी यादों को पसंद आ गई मेरी आंखों की नमी,
जब हंसता हूं तो रुला देती है तेरी कमी।
एक दर्द छुपए फिरते हैं बरसों से दिल में,
क्यों ना आज कह दूं इस भरी महफिल में।
जिसको अपना हमसफर समझता था,
वही काटा बन गया आखिर मेरी मंजिल में।
तेरी खुशी को अपनी पलकों में सजाएंगे,
मन करें या ना करें सारी रश्में निभाएंगे।
देने को तो कुछ नहीं है मेरे पास,
लेकिन तेरी खुशी के लिए खुदा के पास तक चले जाएंगे।
हम ना पा सके तुम्हें मुद्दतों चाहने के बाद,
और किसी ने तुम्हें अपना बना लिया चंद रशमें निभाने के बाद।
मेरी खामोशियों में भी फसाना ढूंढ लेती है,
बड़ी शातिर है या दुनिया बहाना ढूंढ लेती है।
हकीकत जिद किए बैठी है चकनाचूर करने को,
लेकिन यह आंखे फिर अपना सुहाना ढूंढ लेती है।
सांस थम जाती है पर जान नहीं जाती,
दर्द होता है पर आवाज नहीं आती।
अजीब लोग हैं इस जमाने में,
हम भूल नहीं पाते और किसी को याद नहीं आती।
मैंने खुदा से पूछा वह क्यों छोड़ गया मुझे उसकी क्या मजबूरी थी,
खुदा ने कहा ना कसूर तेरा था ना गलती उसकी थी मैंने यह कहानी लिखी ही अधूरी थी।
यादों में किसी का दीदार नहीं होता,
सिर्फ याद करना ही प्यार नहीं होता।
यादों में किसी की हम भी तड़पते हैं,
बस हमसे दर्द का इजहार नहीं होता।
तुम्हारे चांद से चेहरे पर गम अच्छे नहीं लगते,
एक बार हमसे कह दो तुम चले जाओ हमें तुम अच्छे नहीं लगते।
मोहब्बत करने में औरत से कोई जीत नहीं सकता,
और नफरत करने में औरत को कोई हरा नहीं सकता।
दिल तोड़ने वालों का कुछ नहीं जाता है,
लेकिन जिसका दिल टूटता है उसका सब कुछ चला जाता है।
हमने तो देखा है खुद को कई बार आजमा कर,
अक्सर लोग धोखा देते हैं करीब आकर।
इस जमाने ने समझाया था लेकिन दिल नहीं माना,
छोड़ जाओगे एक दिन हमें अपना बना कर।
यूँ सजा ना दे मुझे बेकसूर हूं मैं,
अपना ले मुझे गमों से चूर हूं मैं।
तू छोड़ गई हो गया में पागल,
और लोग कहते हैं बड़ा मगरूर हूं मैं।
उसमें लव दिए हैं किसी को मतलब किसी के हिस्से में चीनी आई है,
तुम छोड़ कर गए हो तो देखो ना हमें बिन पानी पीनी आई है।
क्या कहें सब कुछ कहा भी नहीं जाता,
उसने छोड़ भी ऐसे मोड़ पर कि हर दर्द सहा नहीं जाता।
सबको एक दिन हैरान कर जाऊंगा,
जब मैं वक्त आने से पहले ही मर जाऊंगा।
ना उसके दिल को करार ना उसे मेरा इंतजार है,
ए मेरे टूटे दिल फिर तू किसके लिए बेकरार है।
क्या बात है जो अपनी आंखें चुरा रहे हो,
हमसे बेवफा होकर किसी और से वफा निभा रहे हो।
उसे भुलाने की कोशिशें में आखिरकार में हार गया,
एक मैं हूं एक मेरा यार था जो इस वक्त कल्टी मार गया।
कुछ भी कहो दिल तो बस एक बहाना है,
प्यार तो बस सूरत पर ही जताना है।
सिलसिला मोहब्बत का पहले की तरह भारी है,
तू बेवफा है तो क्या हुआ मेरी मोहब्बत आज भी जारी है।
दिन भी ठीक से नहीं गुजरता और रात भी बड़ी तड़पाती है,
क्या करूं यार तेरी याद ही जो इतनी आती है।
आपकी धड़कन से है रिश्ता हमारा आपकी सांसों से है नाता हमारा,
भूलकर भी कभी भूल न जाना आपकी यादों के सहारे है जीना हमारा।
याद करते हैं तुम्हें तन्हाई में दिल डूबा है गमों की गहराई में,
हमें मत ढूंढना दुनिया की भीड़ में हम मिलेंगे तुम्हें तुम्हारी परछाई में।
हमसे पूछो क्या होता है पल पल बिताना,
बहुत मुश्किल होता है दिल को संभालना।
यार जिंदगी तो बीत जाएगी,
बस मुश्किल होता है कुछ लोगों को भूल पाना।
आंखें बंद हो या कोई तेरा ही चेहरा नजर आता है,
तेरी यादों में सनम मेरा सारा वक्त गुजर जाता है।
बहुत उदास है कोई शख्स तेरे जाने से,
हो सके तो लौट के आ जा किसी बहाने से।
तू लाख खफा हो पर एक बार तो देख ले,
कोई बिखर गया है तेरे रूठ जाने से।
जान उसे शख्स को कैसे यह हुनर आता है,
रात होती है तो आंखों में उतर आता है।
मैं उसके ख्यालों से बच के कहां जाऊं,
वह मेरी सोच के हर रास्ते पर नजर आता है।
आंखें भी मेरी पलकों से सवाल करती है,
हर वक्त आपको ही तो याद करती है।
जब तक देखना ना ले चेहरा आपका,
हर घड़ी आपका ही इंतजार करती है।
80+ Gautam Buddha Suvichar in Hindi
निष्कर्ष
आज के आर्टिकल में हमने आपको 110+ खतरनाक बेवफाई शायरी (Khatarnak Bewafai Shayari) बताई है जो कि काफी ज्यादा दर्द भरी शायरी है दोस्तों जब आपका कोई खास इंसान आपको छोड़ जाता है या आपको प्यार में कोई व्यक्ति धोखा देता है तब आपका दिल पूरी तरह टूट चुका होता है और आप अंदर ही अंदर घुट रहे होते हैं। इस हाल में यह भी डर रहता है कि आप कहीं डिप्रेशन में ना चले जाए क्योंकि डिप्रेशन एक बहुत ही खतरनाक चीज है। इसलिए आपको शायरी को पढ़ते रहना चाहिए।




